आजकल वीडियो कॉल करना बहुत आम हो गया है. लेकिन क्या आप जानते हैं कि सामने दिख रहा चेहरा असली है या नकली? डीपफेक (Deepfake) टेक्नोलॉजी की वजह से अब किसी भी व्यक्ति का चेहरा किसी दूसरे वीडियो में लगाकर फर्जी वीडियो बनाया जा सकता है. राजनेता, सेलिब्रिटी या आपके जान-पहचान वाले व्यक्ति का फर्जी वीडियो बनाकर धोखा दिया जा रहा है. पैसे मांगना, गलत बातें कहना या बदनामी करना- ये सब दीपफेक से आसान हो गया है.
इसलिए जानना बहुत जरूरी है कि डीपफेक वीडियो को कैसे पहचानें और उसकी शिकायत कहां करें. दीपफेक वीडियो को पहचानने की आसान ट्रिक्स
आंखों और पलकों पर ध्यान दें
असली वीडियो में इंसान पलक झपकाता है. डीपफेक में अक्सर पलक झपकना बहुत कम या अजीब होता है. आंखों की गति असली जैसी नहीं लगती.
चेहरा और गर्दन का मेल
डीपफेक में चेहरा तो बदल दिया जाता है, लेकिन गर्दन, कान या बाल अक्सर मैच नहीं करते. चेहरा चमकदार या धुंधला दिख सकता है.
मुंह और बोलने की स्पीड
जब व्यक्ति बोलता है तो होंठ और शब्दों की गति मैच नहीं करती. मुंह की हरकत असली जैसी नहीं लगती.
लाइटिंग और बैकग्राउंड
चेहरे पर रोशनी और बैकग्राउंड की रोशनी में फर्क दिख सकता है. कभी-कभी चेहरा अजीब तरीके से ब्लर या पिक्सेलेट दिखता है.
वीडियो को स्लो मोशन में देखें
मोबाइल पर वीडियो को 0.25x स्पीड पर चलाकर देखें. डीपफेक में छोटी-छोटी गलतियां आसानी से दिख जाती हैं.
रिवर्स इमेज सर्च
वीडियो का कोई क्लियर फ्रेम लेकर गूगल इमेजेज या TinEye पर सर्च करें. अगर वीडियो पुराना या अलग संदर्भ में मिलता है तो समझ लें कि डीपफेक हो सकता है.
शिकायत कैसे दर्ज करें?
अगर आपको लगता है कि कोई डीपफेक वीडियो आपके या किसी और के खिलाफ बनाया गया है तो तुरंत शिकायत करें:
- राष्ट्रीय साइबर क्राइम रिपोर्टिंग पोर्टल: cybercrime.gov.in पर जाएं.
- ‘Report Other Cyber Crime’ चुनें और ‘Fake Video / Deepfake’ कैटेगरी में शिकायत दर्ज करें.
- हेल्पलाइन: 1930 पर कॉल करें.
- जरूरी सबूत रखें-स्क्रीनशॉट, वीडियो लिंक, तारीख और समय.
- अगर सेलिब्रिटी या राजनेता का दीपफेक है तो उनके ऑफिशियल सोशल मीडिया अकाउंट पर भी रिपोर्ट करें.
सावधानी बरतें
- अनजान नंबर से आने वाली वीडियो कॉल पर तुरंत यकीन न करें.
- महत्वपूर्ण बातें (पैसे, OTP, पासवर्ड) वीडियो कॉल पर कभी न शेयर करें.
- बच्चों को भी दीपफेक के बारे में समझाएं.
डीपफेक टेक्नोलॉजी तेजी से बढ़ रही है, लेकिन इसे पहचानना भी मुश्किल नहीं है. ऊपर बताई छोटी-छोटी ट्रिक्स से आप ज्यादातर फर्जी वीडियो को आसानी से पकड़ सकते हैं. अगर आपको शक हो तो तुरंत cybercrime.gov.in पर रिपोर्ट करें.